26 सितंबर 2019 - 17:22
वाशिंगटन, तेल अवीव और अन्य राजधानियों में इस तस्वीर का क्यों गहन अध्ययन किया जा रहा है??? क्या इसमें कोई संदेश है

14 सितम्बर को सऊदी तेल प्रतिष्ठानों पर यमन के ड्रोन हमलों के बाद तनाव इतना अधिक बढ़ गया था कि ऐसा लग रहा था किसी भी समय मध्यपूर्व में एक नया युद्ध भड़क सकता है।

अमरीका, ब्रिटेन और कुछ अन्य देशों ने ईरान पर इस हमले का सीधा आरोप लगाया, जिसके कारण विश्लेषकों ने अनुमान लगाया कि क्षेत्र में कुछ बड़ी घटना घटने वाली है।

पश्चिमी मीडिया का कहना था कि ईरान की जवाबी कार्यवाही के डर से सऊदी शासन अरामको पर हमले के लिए सीधे तेहरान को ज़िम्मेदार ठहराने से कतरा रहा है और सऊदी सेना की प्रतिक्रिया काफ़ी निराशाजनक रही है।

इन समस्त घटनाक्रमों के बीच, ईरान की इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता की आधिकारिक वेबसाइट ने एक तस्वीर जारी की, जिसमें क्रांति के वरिष्ठ नेता आयतुल्लाह सैय्यद अली ख़ामेनई को हिज़्बुल्लाह के महासचिव सैय्यद हसन नसरुल्लाह और आईआरजीसी की क़ुद्स ब्रिगेड के कमांडर जनरल क़ासिम सुलेमानी को देखा जा सकता है।

यह तस्वीर पिछले बुधवार को जारी की गई, जो तेज़ी से सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। हालांकि वेबसाइट ने तस्वीर लिए जाने के स्थान और समय के बारे में कोई जानकारी नहीं दी है।

ग़ौरतलब है कि इसी साल मोहर्रम की 9 तारीख़ को हसन नसरुल्लाह ने वरिष्ठ नेता को इस ज़माने का हुसैन और अमरीका, इस्राईल और वर्चस्ववादी शक्तियों के मुक़ाबले में प्रतिरोधी मोर्चे का नेता बताया था।  

यह तस्वीर अपने बारे में ख़ुद ही इतना कुछ कह रही है कि किसी लेख या भाषण द्वारा उसके बारे में उतना विस्तार से बताना संभव नहीं है। अब यह देखने वालों पर निर्भर करता है कि वह इस्लामी प्रतिरोध की शक्ति और एकजुटता को कैसे देखते हैं और उसकी कल्पना कैसे करते हैं।

अमरीका के प्रतिबंधों और धमकियों के बावजूद, ईरान और हिज़्बुल्लाह ने लगातार ईरान पर अमरीकी हमले या लेबनान पर इस्राइली युद्ध का सामना करने के लिए तत्परता जताई है।

हसन नसरुल्लाह ने कहा है कि ईरान पर कोई भी हमला पूरे क्षेत्र को आग की चपेट में ले लेगा और इस्राईल पर इसका घातक प्रभाव पड़ेगा।

मीडिया का कहना है कि वाशिगंटन, तेल अवीव और अन्य कई राजधानियों में राजनीतिक गलियारों में इस तस्वीर का गहन अध्ययन किया जाएगा और इससे मिलने वाले संदेश को समझा जाएगा।